बरेली: आला हजरत से जुड़े सलमान मियां की CM योगी से मुलाकात

बरेली: आला हजरत से जुड़े सलमान मियां की CM योगी से मुलाकात

बरेली: यूपी के बरेली की दरगाह आला हजरत से जुड़े सलमान मियां ने कांग्रेस पार्टी नेता मेहंदी हसन के साथ मिलकर सूबे के सीएम योगी आदित्यानाथ से मुलाकात कर पॉलिटिक्स को नयी हवा दी है। मुख्यमंत्री योगी से मुलाकात के बाद सलमान मियां और मेहंदी हसन का फोटो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। मुख्यमंत्री योगी से मुलाकात के फोटो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही आला हजरत खानदान के बीच एक बार फिर सार्वजनिक टकराव प्रारम्भ हो गया है।

जुमे की नमाज से पहले आला हजरत खानदान के सबसे बड़े बुजुर्ग मौलाना मन्नानी मियां की बताई जा रही ऑडियो वायरल हुई है। कथित तौर पर उस वायरल ऑडियो में मौलाना मन्नानी मियां काजी उल कुजात और उनके दामाद की जमकर मुखालफत कर रहे हैं। उन्होंने बोला कि आज मेरे भाई ताजुश्शरिया होते तो उन्हें बहुत अफसोस होता। तौकीर मियां ने गलती की तो हमने उनकी भी खिलाफत की थी। जो अधिकार से दूर जाएगा उसको हम अधिकार पर लाने की प्रयास करेंगे। उन्होंने तालीम पर भी प्रश्न उठाए हैं। आबिद की तरह सलमान को लाल बत्ती दिलाने के लिए यह सब किया जा रहा है। मन्नानी मियां ने बोला कि मैं तेरा चाचा हूं इसलिए नाराज हो रहा हूं।

वायरल ऑडियो में यह भी बोला गया है कि मियां ने कौम को बेच डाला है। ऐसे व्यक्ति से मुलाकात की जिसको तुम्हारे वोट की आवश्यकता नहीं है। सलमान बिना असजद मियां के इजाजत के मुख्यमंत्री योगी से मिले। वायरल ऑडियो में यह बात भी कहीं गई है कि काजी उल हिन्दुस्तान के पद से असजद मियां इस्तीफा दें। जमात रजा मुस्तफा संगठन को खत्म करके तमाम दस्तावेज खानदान के लोगों को सौपें।

जबकि जमात रजा-ए-मुस्त्फा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सलमान मियां ने इसे सामान्य मुलाकात बताया है। उन्होंने बोला कि फैजाबाद में एक मदरसा और पैगंबर-ए-इस्लाम की शान में गुस्ताखी करने वाले नरसिंहानंद के मुद्दे को लेकर सीएम से मिलना हुआ है। हमने उनके समक्ष मस्जिद और मदरसों की सुरक्षा, मुस्लिम युवाओं को झूठे मामलों में फंसाए जाने का केस रखा है।


धर्मेन्द्र प्रधान से स्थिति की स्पष्ट, CM योगी के नेतृत्व में लड़ा जाएगा विधानसभा चुनाव

धर्मेन्द्र प्रधान से स्थिति की स्पष्ट, CM योगी के नेतृत्व में लड़ा जाएगा विधानसभा चुनाव

उत्तर प्रदेश में 2022 में होने वाले विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के चुनावी चेहरा तथा नेतृत्व को लेकर चुनाव प्रभारी धर्मेन्द्र प्रधान ने शुक्रवार को स्थिति स्पष्ट कर दी। भाजपा प्रदेश मुख्यालय में उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव प्रभारी धर्मेन्द्र प्रधान ने बड़ा बयान दिया।

नरेन्द्र मोदी सरकार में शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने कहा कि 2022 में उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में ही लड़ा जाएगा। सीएम योगी आदित्यनाथ ही उत्तर प्रदेश में भाजपा का चेहरा होंगे। प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ही भाजपा की तरफ से मुख्यमंत्री का चेहरा होंगे। प्रधान ने कहा कि भाजपा ने फिलहाल तय किया है कि अपना दल तथा निषाद पार्टी के साथ गठबंधन में 2022 का विधानसभा चुनाव लड़ा जाएगा। इसके साथ ही अन्य दलों से भी वार्ता जारी है। 2022 में भाजपा सहयोगी दलों के साथ मिलकर पीएम मोदी व सीएम योगी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं के दम पर चुनाव लड़ेगी।


प्रधान ने कहा कि पीएम नरेन्द्र मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ पर जनता का अटूट भरोसा है। 2022 में उत्तर प्रदेश में एक बार फिर से भाजपा व सहयोगी दलों की सरकार बनेगी। सरकार व संगठन के काम व समन्वय के कारण हम जीतेंगे। हम सभी समाज और समुदाय को साथ लेकर चुनाव लड़ेंगे। भाजपा ने इस बीच में बहुत सारी राजनीतिक ताकत को अपने साथ जोड़ा है। इसी दौरान ही हमने सारा चुनाव का ताना बाना बुना है।