अस्थमा में इतना मददगार है अदरक

अस्थमा में इतना मददगार है अदरक

भारतीय घरों में कोई भी किचन ऐसा नहीं होगा, जहां अदरक न मिलता हो. गर्मी के एक-दो महीनों को छोड़ दें तो हममें से अधिकतर लोग हर दिन चाय में अदरक डालकर ही पीते हैं.

चाय के अतिरिक्त भी खाने-पीने की कई चीजों में अदरक का प्रयोग होता है. हालांकि इसका ज्यादातर प्रयोग स्वाद बढ़ाने में किया जाता है, लेकिन इसके स्वास्थ्य संबंधी भी कई फायदे हैं.

इसीलिए 'चरक संहिता' में इसे महाऔषधि (सुपर मेडिसिनल हर्ब) का दर्जा दिया गया है. अदरक में कई जरूरी पोषक तत्व जैसे विटामिन सी, कैल्शियम, फॉस्फोरस, आयरन, जिंक, कॉपर, मैंगनीज व क्रोमियम पाए जाते हैं.

  1. बैक्टीरिया से लड़ता है
    अदरक में बैक्टीरिया व वायरस से लड़ने की अद्भुत क्षमता होती है. इसलिए इसका नियमित सेवन करने से यह गले के संक्रमण से बचाता है.

  2. फ्री-रेडिकल्स को नष्ट करता है
    यह शरीर में पैदा होने वाले फ्री-रेडिकल्स को समाप्त कर देता है. फ्री-रेडिकल्स शरीर की कोशिकाओं को नुकसान पहुंचाते हैं व तनाव पैदा करते हैं.

  3. सूजन दूर करता है
    जोड़ों में टॉक्सिन्स जमा होने के कारण सूजन पैदा होती है. अदरक अपनी एंटी इंफ्लामेटरी प्रॉपर्टी के कारण अर्थराइटिस जैसी बीमारियों में राहत प्रदान करता है.

  4. खून साफ करता है
    अदरक में ब्लॉकेजेस को दूर करने व रक्त संचार को बढ़ाने की एंटी ट्यूमर प्रॉपर्टी होती है. यह शरीर से टॉक्सिन्स को दूर कर खून को साफ करता है.

  5. मेटाबॉलिज्म बढ़ाता है
    अदरक की तासीर गर्म होती है. इसलिए यह मेटाबॉलिज्म को बढ़ाने में मददगार होता है. मेटाबॉलिज्म बढ़ने से आदमी हमेशा चुस्त-दुरुस्त रहता है. वजन भी कम होता है.

  6. अस्थमा में मददगार
    अदरक शरीर से कफ को दूर करता है. इससे श्वास नलिकाएं खुलती हैं जिससे अस्थमा से ग्रस्त आदमी को सांस लेने में राहत मिलती है.

  7. दर्द में राहत
    चूंकि अदरक से रक्त संचार में सुधार होता है. इस वजह से इसके नियमित सेवन से दर्द को सहन करने की शक्ति बढ़ती है. बढ़ती आयु में इसका नियमित सेवन बेहद लाभकारी है.